कायर कौन?

कायर कौन? तुमने कहा था नहीं मानतेतुम जाति-धर्म की लकीरे,तुमने कहा था कि तुम्हारेलिए केवल प्रेम धर्म हैं……क्या झूठ थी तुम्हारी कही हर बात,क्या झूठ था हमारा प्यार,क्या झूठ था अब तक का साथ,क्या सच में सब झूठ ही था…….जा रही हूँ इस संसार से,जहाँ लोगों को जाति-धर्म,के आधार पर बाटां न जाए,जा रही हूँ […]

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